2000 रूपये के नोट की छपाई बंद।

आज से पाँच दिन पहले नोटबांडी का 6 सालगिरयह बनाया गया था आज तक इसपर लगातार बहस चलता रहता है। आम आदमी हो या अर्थ सार्थतरी,बिजनेसमैन हो या नौकरी पेशा सब इस पर नोटबंदी को अपने-अपने चश्मे से देखते है। वो वक्त याद कीजिये जब आपको पैसे निकालने के लिए लम्बी-लम्बी कतार में खड़ा रहना पड़ता था,जब पुराने नोट बंद होकर नए 500 या 2000 के नोट बाजार में आये थे उसके छुट्टे करने में कइयों के पशीने छूट जाते थे। आज इसी 2000 के नोट पर आपको बेखबर से खबर करते है,असल में नोटबंदी के बाद रिजर्व बैंक ने 2000 रूपये के गुलाबी नोट जारी किये थे।

शुरुवात के समय ये 2000 नोट सबसे बड़ा चर्चा का विसय बन गया था। कोई नए गुलाबी रंग देकर खुश हो जाता था तो कोई इसके छुट्टे कराने की चिंता में में रहता था लेकिन पिछले कुछ समय से ये 2000 नोट लोगो के हाथो से गायब हो गया है। अब 2000 का नोट बेहद कम दिख रहा है अगर आप भी अपने दिमाग पर जोर डालकर सोचते तो पिछले बार क़ब आपका आमना सामना 2000 नोट से हुआ था। शायद आपको को भी अपने सर खुजाने पड़े यांनी मामला गंभीर होता है। जब हम लोग ने इस विषय पर इन्वेस्टीगेशन शुरू किया तब हमारे हाथ रिजर्व बैंक इंडिया वार्षिक रिपोर्ट लगा।

RBI की सालाना रिपोर्ट में बताया गया की फिनेशल ईयर 2019-20,2020-21 और 2021-22 में 2000 रूपये के एक नॉट भी नहीं छाप्पे गए है। ये ही वजह है की बाजार में अब 2000 रूपये नोट का असर सर्कुलेशन कम हो गया है बता दे देश नोट सरकार की प्रिंटिंग प्रेस में ही छापे जाते है। इस वक्त देश में चार प्रिंटिंग प्रेस है जो नासिक,देवास,मैसूर और सालबोनी में इस्थित है,इन चारो जगहों पर भारत की करेंसी छपाई का काम होता है। अब ये 2000 रूपये के नोट कब जारी किये गए थे ये जान लीजिये।

8 नवंबर 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एलान के बाद 500 और 1000 के सभी नोट बंदकर दिए थे। इस करेंसी की वजह रिजर्व बैंक ने 500 और 2000 रूपये के नए नोट जारी किये थे,RBI का मानना था की 2000 रूपये का नोट उन नोट की वैल्यू भरपाई आसानी से कर देगा।जिन्हे चलन से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है,बता दे की देश में 2000 के नोट का सबसे ज्यादा सर्कुलेशन साल 2017-18 के दौरान रह।

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