आ रहा है Jio का IPO

बिता साल 2021 IPO के नाम रहा साल 2021 में बड़ी बड़ी कंपनियों IPO लेकर आई तो अब नया साल यानी 2022 की IPO market में कीर्ति मान बनाने के लिए तैयार है खबर है की इस साल मुकेश अम्बानी की टेलीकॉम कंपनी रिलायंस जिओ IPO ला सकती ही। विदेशी ग्रुप हाउस CLS का कहना है की इस इस साल ही ये कंपनी शेयर बाजार में लिस्ट हो सकती है। CLS के मुताबित रिलायंस जिओ का वैल्युएसन करीब 100 अरब डॉलर होने की उम्मीद है तो वही जिओ फाइबर बिज़नेस के लिए इंटरप्रीसे वैल्यू 5 अरब डॉलर राखी गई है इस की लिस्टिंग के बाद ये ग्रुप में रिलायंस इंडस्ट्री के बाद दूसरी सबसे बड़ी कंपनी होगी। CLS ने एक research note में कहा है की साल 2022 में टेलीकॉम सेक्टर में बड़े ये घटना कर्म देखने को मिल सकते है।

इनमे 5G spectrum की नीलामी और रिलायंस जिओ की संभावित लिस्टिंग शामिल है रिलेअंस जिओ का IPO आने से टेलीकॉम सेक्टर में तेजी आएगी। साल 2020 में 13 निवेशकों से 1.53 लाख करोड़ रूपये का निवेश इकट्ठा किया था इन 13 निवेशकों के पास जिओ की 33% हिसेसदारी है इसमें से 10% के करीब फेसबुक को और 8% गूगल को हिसेदारी बेचीं गई थी। गूगल ने जिओ में 33737 करोड़ का निवेश किया था जबकि फेसबुक ने जिओ में 43574 करोड़ रुपया का भारी निवेश किया। रिलायंस जिओ की संभावित IPO को लेकर ऐसे समय जब देश टेलीकॉम सेक्टर में प्राइस वाट ख़तम हो रहा है हलाकि ये तीनो कंपनियों में अपनी रेवेनुए बढ़ाने के लिए प्रीपेड टेर्रिफ में बढ़ोतरी की थी। साथ ही साथ तत्काल टेलीकॉम सेक्टर में रहत पैकेज की घोसना की है रिलायंस जिओ देश की सबसे बड़ी कंपनी है जिसकी 2022 तक जिओ में 43 करोड़ से ज्यादा कस्टमर होने की उम्मीद है जब की दूसरी टेलीकॉम कंपनी एयरटेल के पास 32 करोड़ ग्राहक है तो वाडाफोन आईडिया के पास 27 करोड़ ग्राहक है हलाकि प्रति ग्राहक कमाई में एयरटेल आगे है और हर ग्राहक से 157 रूपये कमेटी है जब की जिओ 144 रूपये कमेटी है वैसे कीमतों बढ़ाने से सभी कंपनियों के प्रति ग्राहक कमाई बढ़ाने की उम्मीद है जिओ में इस समय प्रमोटर की हिसेदारी 67% है और इस आधार पर देखा जाये तो कंपनी के ipo में 17% तक हिसेसे दारी बेच सकती है क्यों की रिलांस इंडस्ट्री में प्रमोटर के पास 50% हिसेसदारी है ऐसे में अगर जिओ कंपनी 17% हिसेदारी बेचती है तो उसके पास 50% हिससा रहेगा इस 17%ke लिए जिओ को 85 हज़ार करोड़ रूपये मिलने की उम्मीद है हलाकि बाजार की आगे चलकर ज्यादा वलुसाशन पर बेचैनी की रडनीति के तरह कम हिस्सा भी बेच सकती है। जिओ भारत में सबसे बड़ा बांड्स इशू करने की योजना बना रही है रिलायंस जिओ 5000 हज़ार करोड़ का बांड्स की मेटूरिटी 5 साल और ब्याज दर 6.2% होगी। कॉर्परट बांड्स से जो पैसा इकट्ठा होगा उसका इस्तेमाल कंपनी फिनांशल लायबिलिटी को पूरा करने के लिए करेगी। डॉट मार्किट से पैसा जुटाने के बाद उम्मीद है की जिओ equity कंपनी इस साल ipo लाने की योजना बना सकती है जिसके जरिये निवेशकों के पास एक बार फिर मोटा पैसा बनाने का सुनहरा मौका hoga.

 

Leave a Comment